बाल श्रम मुक्त सोनभद्र अभियान के अंतर्गत रॉबर्ट्सगंज एवं चुर्क मार्केट क्षेत्र में जागरूकता एवं निरीक्षण अभियान
पूर्वा टाइम्स – ब्यूरो
सोनभद्र। जिलाधिकारी सोनभद्र एवं उप श्रमायुक्त, मिर्जापुर क्षेत्र के निर्देशानुसार जनपद सोनभद्र को बाल श्रम मुक्त बनाने के उद्देश्य से संचालित बाल श्रम मुक्त अभियान के अंतर्गत श्रम विभाग, एचटी, चाइल्ड हेल्पलाइन एवं चाइल्ड राइट्स एसोसिएट की संयुक्त टीम द्वारा रॉबर्ट्सगंज एवं चुर्क मार्केट क्षेत्र में विशेष जागरूकता एवं निरीक्षण अभियान चलाया गया।
अभियान के दौरान बाजार क्षेत्र में दुकानदारों, प्रतिष्ठान संचालकों एवं आमजन को बाल एवं किशोर श्रम निषेध अधिनियम तथा बाल श्रम से संबंधित कानूनी प्रावधानों के बारे में जानकारी दी गई। टीम द्वारा प्रतिष्ठान संचालकों को समझाया गया कि बच्चों को किसी भी प्रकार के श्रम में नियोजित करना कानूनन प्रतिबंधित है तथा किशोर श्रमिकों के नियोजन को लेकर भी निर्धारित कानूनी प्रावधानों का पालन करना आवश्यक है।
अभियान के दौरान चुर्क मार्केट क्षेत्र में 2 किशोर बाल श्रमिकों का चिन्हांकन किया गया। चिन्हांकित किशोरों के संबंध में आवश्यक जानकारी संकलित करते हुए नियमानुसार अग्रिम कार्रवाई की प्रक्रिया प्रारंभ की जाएगी। साथ ही, संबंधित विभागों के समन्वय से उनके पुनर्वासन एवं शिक्षा से जोड़ने की दिशा में आवश्यक प्रक्रिया सुनिश्चित की जाएगी, ताकि उन्हें सुरक्षित एवं बेहतर भविष्य के अवसर उपलब्ध कराए जा सकें।
संयुक्त टीम द्वारा दुकानदारों एवं प्रतिष्ठान संचालकों से अपील की गई कि वे अपने प्रतिष्ठानों में बच्चों एवं किशोरों के नियोजन से संबंधित कानूनी प्रावधानों का पूर्ण रूप से पालन करें तथा बाल श्रम की जानकारी मिलने पर तत्काल संबंधित विभाग अथवा चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 को सूचित करें।
बाल श्रम उन्मूलन के लिए प्रशासन द्वारा जागरूकता, चिन्हांकन, रेस्क्यू, पुनर्वासन एवं शिक्षा से जोड़ने की प्रक्रिया को प्राथमिकता के साथ आगे बढ़ाया जा रहा है। अभियान का उद्देश्य केवल बाल श्रम की पहचान करना ही नहीं, बल्कि चिन्हांकित बच्चों एवं किशोरों को शिक्षा, संरक्षण एवं सामाजिक-आर्थिक पुनर्वासन से जोड़कर उनके सुरक्षित भविष्य को सुनिश्चित करना है।
जिला प्रशासन द्वारा आमजन, व्यापारियों, प्रतिष्ठान संचालकों, सामाजिक संगठनों एवं समुदाय से अपील की गई है कि बाल श्रम मुक्त सोनभद्र के लक्ष्य को प्राप्त करने में सक्रिय सहयोग करें और किसी भी बच्चे को श्रम में नियोजित न करें।


