गृहे गृहे संस्कृतम् योजना के जुलाई मास का हुआ शुभारंभ

पूर्वा टाइम्स -बेचन शर्मा
सहजनवा गोरखपुर।पिपरौली ब्लॉक अंतर्गत क्षेत्र स्थित के पूर्व माध्यमिक विद्यालय महुआडाबर में शुक्रवार को उत्तर प्रदेश शासन के स्वायत्तशासी उत्तर प्रदेश संस्कृत संस्थानम् द्वारा संचालित “गृहे गृहे संस्कृतम्” योजना के अंतर्गत संस्कृत भाषा शिक्षण कक्षाओं के जुलाई मासीय ऑनलाइन सत्र का शुभारम्भ हुआ। विद्यालय की प्रधानाध्यापिका रंजना द्विवेदी ने कहा कि संस्कृत एक समृद्ध भाषा है जिसे व्यवहार में लाने की जरूरत है जो कि उत्तर प्रदेश संस्कृत संस्थान गृहे गृहे संस्कृत योजना के माध्यम से कर रहा है। आगे उन्होंने कहा कि संस्कृत शिक्षण को केवल व्याकरण तक सीमित न रखकर संवाद, कहानी, गीत, अभिनय, खेल तथा तकनीकी माध्यमों से जोड़ा जाना चाहिए।
योजना समन्वयक डॉ. अनिल गौतम ने कहा कि संस्कृत को व्यवहार में लाने की आवश्यकता है। गृहे गृहे संस्कृतम् योजना संस्कृत भाषा के संरक्षक के रूप में अनवरत कार्य कर रही है। इस योजना के अंतर्गत कार्यरत सभी प्रशिक्षक भाषा के संवर्धन व प्रचार प्रसार में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।
कार्यक्रम में प्रदेश के लगभग 33 जनपदों से जुड़े करीब 45 शिक्षण केंद्रों की सहभागिता रही।
कार्यक्रम का संचालन नमिता दूबे द्वारा किया गया। संस्थान के कार्यकारी अध्यक्ष मनीष चौहान एवं निदेशक प्रेमेन्द्र कुमार गुप्त के निर्देशन में यह कार्यक्रम आयोजित किया गया।इसके पूर्व प्रारंभ में प्रशिक्षिका खुशबू द्वारा सरस्वती वंदना प्रस्तुत की गई। अंत में प्रशिक्षिका नमिता दुबे द्वारा कल्याण मंत्र के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ। इस अवसर पर भगवान सिंह चौहान, डॉक्टर, अनिल गौतम, गीता वशिष्ठ, और ज्ञानेंद्र सहित कई लोग उपस्थित रहे।








