क्वॉलिटी काउंसिल ऑफ इंडिया के मूल्यांकन में एमएमएमयूटी के फार्मेसी विभाग का शानदार प्रदर्शन, प्रदेश के सरकारी तकनीकी विश्वविद्यालयों में प्रथम
गोरखपुर। मदन मोहन मालवीय प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के फार्मास्यूटिकल साइंस एंड टेक्नोलॉजी विभाग ने गुणवत्ता के क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की है। फार्मेसी काउंसिल ऑफ इंडिया के तत्वावधान में क्वालिटी काउंसिल ऑफ इंडिया द्वारा किए गए रैंकिंग एवं मूल्यांकन में विभाग ने उत्तर प्रदेश के सरकारी तकनीकी विश्वविद्यालयों में प्रथम स्थान प्राप्त किया है। वहीं प्रदेश के सभी सरकारी संस्थानों को शामिल करने पर विभाग को दूसरा स्थान मिला है।
यह उपलब्धि इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि एमएमएमयूटी ने पहली बार QCI के इस मूल्यांकन में प्रतिभाग किया है। विभाग में बी.फार्म. पाठ्यक्रम भी शैक्षणिक सत्र 2021-22 में ही शुरू हुआ था। अपेक्षाकृत नया विभाग होने के बावजूद उसने मूल्यांकन के 11 मानदंडों में से चार में राष्ट्रीय औसत से बेहतर प्रदर्शन किया है। यह विभाग की शैक्षणिक गुणवत्ता, संस्थागत विकास और निरंतर सुधार के प्रयासों को दर्शाता है।
मानदंड-1 में विभाग ने 58.75 अंक प्राप्त किए, जबकि राष्ट्रीय औसत 50.41 अंक रहा। मानदंड-5 में विभाग का प्रदर्शन 69.68 अंक रहा, जबकि राष्ट्रीय औसत 67.18 अंक था। इसी प्रकार मानदंड-8 में विभाग ने 42.50 अंक प्राप्त किए, जबकि राष्ट्रीय औसत 41.44 अंक रहा। मानदंड-9 में विभाग का स्कोर 22.71 रहा, जबकि राष्ट्रीय औसत 20.17 अंक था। इस प्रकार मानदंड-1, 5, 8 और 9 में विभाग ने राष्ट्रीय औसत से बेहतर प्रदर्शन किया।
विभाग की आधुनिक प्रयोगशालाएं, गुणवत्तापूर्ण शिक्षण, शोध गतिविधियां, उद्योगोन्मुख प्रशिक्षण तथा शिक्षकों, कर्मचारियों और विद्यार्थियों की प्रतिबद्धता इस उपलब्धि के प्रमुख आधार रहे हैं।
QCI मूल्यांकन में मिली सफलता से विभाग को अपनी शैक्षणिक एवं प्रशासनिक व्यवस्थाओं को और सुदृढ़ करने, शोध एवं नवाचार को बढ़ावा देने तथा उद्योग और शिक्षा जगत के बीच सहयोग को मजबूत करने में मदद मिलेगी। इससे विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक एवं व्यावसायिक विकास के अवसर मिलेंगे तथा राष्ट्रीय स्तर पर विभाग की प्रतिष्ठा और पहचान भी मजबूत होगी।
विश्वविद्यालय की माननीय कुलपति प्रो. अनुपमा कौशिक शर्मा ने इस उपलब्धि पर विभाग के सभी शिक्षकों, कर्मचारियों एवं विद्यार्थियों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि पहली ही QCI रैंकिंग एवं मूल्यांकन में मिली यह सफलता एमएमएमयूटी के लिए गर्व का विषय है। विश्वविद्यालय उच्चतर राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय गुणवत्ता मानकों को प्राप्त करने, उद्योग एवं शिक्षा जगत के बीच सहयोग बढ़ाने तथा विद्यार्थियों को अध्ययन एवं शोध के लिए उत्कृष्ट वातावरण उपलब्ध कराने की दिशा में निरंतर प्रयास करता रहेगा।
विभागाध्यक्ष प्रो. वी. एल. गोले ने विश्वास व्यक्त किया कि विभाग के शिक्षकों एवं विद्यार्थियों के सामूहिक प्रयासों से भविष्य में राष्ट्रीय स्तर पर और भी महत्वपूर्ण उपलब्धियां हासिल होंगी।
QCI मूल्यांकन में मिली यह उपलब्धि एमएमएमयूटी की शैक्षणिक उत्कृष्टता, गुणवत्ता संवर्धन एवं संस्थागत विकास की दिशा में जारी प्रयासों की एक महत्वपूर्ण कड़ी है। साथ ही यह विश्वविद्यालय के युवा फार्मास्यूटिकल साइंस एंड टेक्नोलॉजी विभाग द्वारा कम समय में की गई उल्लेखनीय प्रगति को भी रेखांकित करती है।








