भारी वर्षा, तेज हवाओं एवं वज्रपात की संभावना को लेकर जिला प्रशासन ने जारी की एडवाइजरी
जिलाधिकारी चर्चित गौड़ ने जनपदवासियों से सतर्कता बरतने एवं सुरक्षित स्थानों पर रहने की अपील की
पूर्वा टाइम्स – ब्यूरो
सोनभद्र, 24 सितम्बर 2026।
जिलाधिकारी चर्चित गौड़ ने अवगत कराया है कि भारत मौसम विज्ञान विभाग, लखनऊ द्वारा 24 सितम्बर 2026 को जारी मौसम पूर्वानुमान एवं चेतावनी के अनुसार गहन अवदाब के प्रभाव से प्रदेश में 24 से 27 सितम्बर के दौरान वर्षा की गतिविधियों में वृद्धि होने की संभावना है। विशेष रूप से 25 एवं 26 सितम्बर को पूर्वी उत्तर प्रदेश में कहीं-कहीं भारी से बहुत भारी वर्षा के साथ तेज सतही हवाओं एवं वज्रपात की संभावना व्यक्त की गई है।
मौसम विभाग के प्रभाव आधारित पूर्वानुमान के अनुसार जनपद सोनभद्र में 24 सितम्बर से 25 सितम्बर की सुबह तक भारी वर्षा, तेज झोंकेदार हवाओं तथा मेघगर्जन/वज्रपात की संभावना है। वहीं 25 से 26 सितम्बर के दौरान भी भारी वर्षा तथा 40-50 किमी प्रति घंटे की गति से तेज हवाओं के झोंके चलने की संभावना जताई गई है।
जिलाधिकारी ने जनपदवासियों से अपील की है कि मौसम खराब होने की स्थिति में अनावश्यक रूप से घर से बाहर न निकलें। विशेष रूप से नदियों, नालों, झरनों, जलाशयों, बांधों, खनन क्षेत्रों, निचले इलाकों एवं जलभराव वाले स्थानों पर जाने से बचें। मौसमी जलधाराओं तथा जलमग्न मार्गों पर विशेष सावधानी बरतें।
उन्होंने कहा कि वज्रपात की स्थिति में खुले स्थानों, पेड़ों, बिजली के खंभों तथा विद्युत प्रवाहित करने वाली वस्तुओं से दूर रहें और सुरक्षित पक्के भवन में शरण लें। तेज हवाओं एवं वज्रपात के दौरान खिड़की-दरवाजे बंद रखें तथा अनावश्यक यात्रा से बचें।
भारी वर्षा के दौरान निचले इलाकों में जलभराव तथा नदियों-नालों एवं जलाशयों के जलस्तर में अचानक वृद्धि हो सकती है। मौसमी नालों एवं जलधाराओं पर बने छोटे पुलों और सड़कों पर जल प्रवाह बढ़ने से आवागमन प्रभावित होने की संभावना को देखते हुए ऐसे स्थानों को पार करने से बचें।
सड़क पर दृश्यता कम होने एवं फिसलन बढ़ने की स्थिति में वाहन चालक गति नियंत्रित रखें तथा जलमग्न सड़कों, पुलों एवं तेज बहाव वाले स्थानों से वाहन निकालने का प्रयास न करें।
जिला प्रशासन एवं जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण, सोनभद्र ने जनपदवासियों से अपील की है कि मौसम विभाग द्वारा जारी चेतावनियों एवं प्रशासन की एडवाइजरी का पालन करें, सतर्क रहें, सुरक्षित स्थान पर रहें तथा नदी-नाले, झरने एवं अन्य जलस्रोतों के पास जाने से बचें।


