गंगा-जमुनी तहजीब बचाने की अपील, विकास और भाई चारा सबसे बड़ा धर्म
पूर्वा टाइम्स। सोनू गोंड
देवरिया। जिला पंचायत सदस्य एसोसिएशन उत्तर प्रदेश के प्रदेश अध्यक्ष एवं पथरदेवा विधानसभा क्षेत्र के वरिष्ठ सामाजिक कार्यकर्ता कमलेश पाण्डेय ने जिलेवासियों से सामाजिक सौहार्द, भाईचारे और विकास को प्राथमिकता देने की भावुक अपील की है। उन्होंने कहा कि देवरिया संतों, महापुरुषों और शहीदों की पावन धरती है, जिसकी पहचान हमेशा से आपसी प्रेम, सद्भाव और एकता रही है।
कमलेश पाण्डेय ने देवरहा बाबा, बाबा राघव दास, अमर शहीद रामप्रसाद बिस्मिल, अशफ़ाक़ उल्ला ख़ाँ तथा स्वतंत्रता संग्राम के युवा बलिदानी सोना उर्फ शिवराज स्वर्णकार के योगदान को स्मरण करते हुए कहा कि देवरिया की मिट्टी ने हमेशा देशभक्ति, त्याग और भाईचारे का संदेश दिया है। उन्होंने कहा कि हिंदू-मुस्लिम एकता की जो मिसाल आजादी की लड़ाई के दौरान स्थापित हुई, वह आज भी जिले की सबसे बड़ी ताकत है।
उन्होंने कहा कि देवरिया की पहचान कभी साम्प्रदायिक तनाव से नहीं, बल्कि सामाजिक समरसता और आपसी सहयोग से रही है। ऐसे में चुनावी माहौल में यदि कोई व्यक्ति या नेता धर्म और जाति के नाम पर लोगों को बांटने का प्रयास करे तो जनता को सतर्क रहना चाहिए। उन्होंने कहा कि जिनके पास विकास, रोजगार, शिक्षा, स्वास्थ्य और युवाओं के भविष्य का कोई ठोस एजेंडा नहीं होता, वे अक्सर समाज में नफरत फैलाने का प्रयास करते हैं।
कमलेश पाण्डेय ने जिले के सभी धर्मों और समुदायों के लोगों से शांति, सद्भाव और विकास की राह पर आगे बढ़ने का आह्वान करते हुए कहा कि आने वाली पीढ़ियों के बेहतर भविष्य के लिए सामाजिक एकता को हर हाल में बनाए रखना होगा। उन्होंने “विकसित भारत, विकसित देवरिया” को सामूहिक लक्ष्य बताते हुए कहा कि देवरिया अपनी प्रतिभाओं, संस्कारों और उपलब्धियों के लिए जाना जाए, न कि किसी प्रकार के वैमनस्य के लिए।
उन्होंने अंत में जिलेवासियों से उनकी इस अपील को अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाने का अनुरोध किया।








