रानीडीह गैंगरेप मामले में बसपा ने पुलिस पर उठाए सवाल, निष्पक्ष जांच की मांग

पूर्वा टाइम्स -बेचन शर्मा
सहजनवा गोरखपुर। सहजनवा ब्लाक अंतर्गत हरपुर बुदहट थाना क्षेत्र स्थित के रानीडीह गांव में एक नाबालिग दलित बच्ची के साथ हुई कथित गैंगरेप की घटना को लेकर बसपा ने पुलिस प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए हैं। पार्टी का कहना है कि पुलिस मामले को दबाने की कोशिश कर रही है।
बहुजन समाज पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष सुश्री मायावती के निर्देश पर बसपा का एक उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल गुरुवार को रानीडीह गांव पहुंचा। प्रतिनिधिमंडल में पूर्व जिला अध्यक्ष ऋषि कपूर, मुख्य मंडल प्रभारी कमलेश प्रसाद, जिला अध्यक्ष हरिप्रकाश निषाद, मंडल प्रभारी विजय कुमार समेत खजनी विधानसभा के कई पदाधिकारी शामिल थे।प्रतिनिधिमंडल ने आरोप लगाया कि पुलिस ने जघन्य गैंगरेप की घटना को शादी का झांसा या आपसी विवाद बताकर सिर्फ एक आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। बसपा ने मांग की है कि मामले को मोड़ने वाले अधिकारियों की जांच हो, सभी दोषियों पर पास्को और एससी/एसटी एक्ट की कठोर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर फास्ट ट्रैक कोर्ट में सुनवाई हो।
एसपी नॉर्थ ज्ञानेंद्र कुमार के मुताबिक, 4 महीने पहले लापता हुई कक्षा 9 की छात्रा को बरामद कर लिया गया है। छात्रा के कोर्ट में बयान और मेडिकल में रेप की पुष्टि हुई है। पुलिस ने मामले में अब तक 10 लोगों को हिरासत में लिया है। इनमें होटल संचालक धर्मराज, ऑटो चालक मनीष राजभर, समीर और किशन को जेल भेजा जा चुका है। 6 अन्य आरोपियों से पूछताछ जारी है। पुलिस का कहना है कि जांच में जो भी शामिल होगा उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
पीड़िता के परिजनों ने 4 महीने पहले गुमशुदगी दर्ज कराई थी। पुलिस जांच में सामने आया कि इस दौरान बच्ची को कई होटलों में ले जाया गया। आशंका है कि 4 महीने में 10 लोगों ने उसके साथ रेप किया
बसपा नेताओं ने कहा कि यह लड़ाई एक दलित बच्ची के न्याय के साथ पूरे समाज के आत्मसम्मान की है। पार्टी पीड़ित परिवार के साथ खड़ी है।
नाबालिग से गैंगरेप का मामला पास्को एक्ट, एससी/ एसटी एक्ट और आईपीसी की धारा 376 D के तहत आता है, जिसमें आजीवन कारावास तक की सजा का प्रावधान है।








