पटवध पेयजल योजना का डीएम ने किया औचक निरीक्षण, लापरवाही पर सख्त चेतावनी. पूर्वा टाइम्स – समाचार जिलाधिकारी चर्चित गौड़ ने मंगलवार को पटवध पेयजल समूह योजना का औचक निरीक्षण कर पेयजल आपूर्ति व्यवस्था की जमीनी हकीकत परखी। निरीक्षण के दौरान उन्होंने संबंधित अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर कड़ी नाराजगी व्यक्त करते हुए स्पष्ट कहा कि जनपद में पेयजल आपूर्ति से जुड़ी किसी भी प्रकार की लापरवाही कतई बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जिलाधिकारी ने अधिशासी अभियंता, जल निगम एवं अपर जिलाधिकारी (नमामि गंगे) को निर्देशित करते हुए कहा कि वे प्रतिदिन कम से कम 25 ग्रामों का भ्रमण कर पेयजल आपूर्ति की वास्तविक स्थिति का स्थलीय सत्यापन करें और इसकी दैनिक रिपोर्ट अनिवार्य रूप से प्रस्तुत करें। उन्होंने कहा कि निरीक्षण केवल औपचारिकता न रहे, बल्कि वास्तविक स्थिति का आंकलन कर समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित किया जाए। डीएम ने निर्देश दिया कि योजना के अंतर्गत प्रतिदिन 40 से 45 एमएलडी जलापूर्ति हर हाल में सुनिश्चित की जाए और इसकी नियमित मॉनिटरिंग की जाए। उन्होंने कहा कि पटवध पेयजल समूह योजना से जुड़े सभी गांवों में निर्बाध पेयजल आपूर्ति कराना शासन की प्राथमिकता है, इसलिए इसमें किसी भी स्तर पर शिथिलता अत्यंत गंभीर मानी जाएगी। उन्होंने संबंधित कार्यदायी संस्था के डीसीएम/जीएम को निर्देशित किया कि वे प्रतिदिन मौके पर उपस्थित रहकर जलापूर्ति व्यवस्था की समीक्षा करें और जमीनी स्तर पर व्यवस्थाओं को सुदृढ़ बनाएं। साथ ही पाइपलाइन, पंपिंग और वितरण प्रणाली में किसी भी प्रकार की तकनीकी समस्या होने पर तत्काल समाधान सुनिश्चित करने को कहा। जिलाधिकारी ने सख्त चेतावनी देते हुए कहा कि यदि निरीक्षण या मॉनिटरिंग के दौरान किसी प्रकार की लापरवाही या उदासीनता पाई जाती है, तो संबंधित अधिकारियों एवं एजेंसी के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी और इसकी सूचना शासन को भेजी जाएगी। निरीक्षण के दौरान अपर जिलाधिकारी (नमामि गंगे) रोहित यादव, अधिशासी अभियंता जल निगम, जिला अर्थ एवं संख्या अधिकारी संतपाल वर्मा, अपर जिला अर्थ एवं संख्या अधिकारी जय सिंह सहित अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।

जिलाधिकारी चर्चित गौड़ का निर्माणाधीन सेतु का औचक निरीक्षण, गुणवत्ता और समयबद्धता पर सख्त निर्देश. पूर्वा टाइम्स – समाचार जिलाधिकारी चर्चित गौड़ ने आज पटवध-बसुआरी प्रमुख जिला मार्ग पर घाघर नदी पर निर्माणाधीन सेतु का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने कार्य की प्रगति और गुणवत्ता का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि सेतु निर्माण में किसी भी प्रकार की लापरवाही या घटिया सामग्री का प्रयोग स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने संबंधित कार्यदायी संस्था और अभियंताओं को निर्माण कार्य मानक के अनुरूप और समयबद्ध ढंग से पूरा करने के निर्देश दिए।चर्चित गौड़ ने विशेष रूप से जोर देते हुए कहा कि निर्माण की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए थर्ड पार्टी से अनिवार्य रूप से जांच कराई जाए। इससे कार्य में पारदर्शिता और विश्वसनीयता बनी रहेगी। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि गुणवत्ता में कमी पाई गई तो संबंधित अधिकारियों और कार्यदायी संस्था के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी। जिलाधिकारी ने इस बात पर भी बल दिया कि सेतु निर्माण कार्य जनहित से जुड़ा एक अत्यंत महत्वपूर्ण कार्य है, जिसमें किसी भी प्रकार की ढिलाई या उदासीनता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को नियमित रूप से स्थलीय निरीक्षण कर प्रगति की समीक्षा करने और निर्धारित समयसीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण निर्माण कार्य पूर्ण कराने के निर्देश दिए। इस अवसर पर अपर जिलाधिकारी नमामि गंगें रोहित यादव, अधिशासी अभियन्ता जल निगम, जिला अर्थ एवं संख्या अधिकारी संतपाल वर्मा, अपर जिला अर्थ संख्या अधिकारी जय सिंह सहित अन्य संबंधित अधिकारीगण उपस्थित रहे।

डिस्ट्रिक्ट बार एसोसिएशन, सोनभद्र के नवनिर्वाचित पदाधिकारियों का 15 मई को होगा शपथ ग्रहण समारोह

मुख्यअतिथि यूपी बार काउंसिल के पूर्व चेयरमैनगण हरिशंकर सिंह एडवोकेट व पांचू राम मौर्य एडवोकेट दिलाएंगे शपथ विशिष्ट अतिथि सांसद छोटेलाल सिंह खरवार व एमएलसी स्नातक क्षेत्र वाराणसी आशुतोष सिन्हा … Read More