सहजनवा में नौनिहालों का भविष्य कैसे होगा उज्जवलं शीर्ष की छपी थी।
स्कुल का छात्र विराज, आदित्य, आर्यन व सोहन ने बताई सच्चाई
पूर्वा टाइम्स -बेचन शर्मा

गोरखपुर। बेसिक शिक्षा परिषद में लगातार धूमिल हो रहा पठन पाठन एवं बच्चों की आवक समेत उपस्थिति पर परवाह ना करते हुए 40 प्रतिशत गुरु लोग अपने भवकाल को दरकिनार कर बच्चों के भविष्य को सुधारने से कोसों दूर हैं। लेकिन वहीं 60 प्रतिशत शिक्षक स्कूल व बच्चों की प्रतिभा को उच्च स्तर पर लाने हेतू लगातार लीनता से कार्य कर रहे हैं। ऐसे ही एक मामला सहजनवा क्षेत्र के प्राथमिक विद्यालय भरदरखी के छात्र विराज आदित्य, आर्यन व सोहन कक्षा की पठन-पाठन छोड़ हाथ में कुदाल लेकर स्कूल से पांच सौ मीटर दूर की सड़क पर उगी घास को छिल रहे थे। आखिर प्रश्न उठता है कि स्कूल के बच्चे स्कूल परिसर को छोड रास्ते में उगी घास को क्यों छिल रहे थे आखिर किसके कहने पर क्यों छिल रहे थे और क्यों उनके हाथ में कुदाल पकड़वा कर गुरु लोगो व विभाग की छिछालेदरी कराने की साजिश किया है जो वास्तव में जाच का प्रश्न है क्यों कि प्रधानाध्यापिका का लिखित प्रपत्र सामने आया है कि खबर का खण्डन छापे क्यों कि खबर भ्रामक व निराधार है। प्रपत्र में दर्शाया है कि मेरा पक्ष नहीं जाना गया और किसी के दवाव में खबर छापी गयी। और मेरी छवि धूमिल की गयी है। प्रश्न उठता है कि जिन छात्रों के हाथों में कुदाल था क्या वह छात्र उस विधालय में शिक्षारत हैं कि नहीं। फिलहाल नौनिहालों का भविष्य कितना और किस प्रकार 40% प्रतिशत तैनात गुरु जी लोग सरकारी सेवक एव अपनी जिम्मेदारी को दरकिनार कर विभाग में चर्चा का इतिहास रचने में मशगूल है जो शासन प्रशासन समेत जिले के अधिकारी भली भांति जान चुके हैं।








